Breaking

Saturday, October 10, 2026

October 10, 2026

डा. रेखा को वर्ष 2026 में विश्व के शीर्ष 2 प्रतिशत वैज्ञानिकों की सूची में स्थान प्राप्त हुआ

डा. रेखा ने की वैज्ञानिक अनुसंधान के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि 

डा. रेखा को वर्ष 2026 में विश्व के शीर्ष 2 प्रतिशत वैज्ञानिकों की सूची में स्थान प्राप्त हुआ 

उन्नत औषधि वितरण प्रणालियों, नैनोफार्मूलेशन, त्वचा के माध्यम से दवाओं को प्रभावी ढंग से पहुंचाने की तकनीकों पर कर रही शोध
Jind : हरियाणा के जींद के अलेवा खंड के गांव बधाना की बेटी डा. रेखा ने की वैज्ञानिक अनुसंधान के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल कर हरियाणा का गौरव बढ़ाया है। गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय हिसार के फार्मास्यिुटिकल साइंसेज विभाग में सहायक प्रोफेसर के रूप में कार्यरत डा. रेखा को वर्ष 2026 में विश्व के शीर्ष दो प्रतिशत वैज्ञानिकों की सूची में स्थान प्राप्त हुआ है। डा. रेखा फार्मास्युटिकल विज्ञान के क्षेत्र में शिक्षण एवं अनुसंधान कार्य कर रही हैं। उनका शोध कार्य उन्नत औषधि वितरण प्रणालियों, नैनोफार्मूलेशन और त्वचा के माध्यम से दवाओं को प्रभावी ढंग से पहुंचाने की तकनीकों पर केंद्रित है। अनुसंधान के क्षेत्र में डा. रेखा को हरियाणा राज्य उच्चतर शिक्षा परिषद के अंतर्गत हरियाणा स्टेट रिसर्च 
फंड से 28 लाख रूपये की अनुसंधान परियोजना की स्वीकृति मिली है। परियोजना का शीर्षक स्तन कैंसर के उपचार हेतु त्वचा के माध्यम से सिंथेटिक एवं हर्बल औषधीय घटकों को संयुक्त रूप से पहुंचाने के लिए नैनोइमल्जेल का विकास एवं मूल्यांकन है। इस शोध के अंतर्गत स्तन कैंसर के उपचार के लिए सिंथेटिक एवं हर्बल औषधीय घटकों को त्वचा के माध्यम से पहुंचाने वाली नैनोइमल्जेल प्रणाली के विकास एवं
मूल्यांकन पर कार्य किया जा रहा है। डा. रेखा के शोध कार्यों की उपलब्धियों की बात करें तो उनके 100 से अधिक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय
शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं। इसके अतिरिक्त उन्हें विभिन्न अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों में उत्कृष्ट शोध एवं अकादमिक योगदान के लिए कई पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। उनकी ये उपलब्धिां फार्मास्युटिकल विज्ञान के क्षेत्र में उनके निरंतर प्रयासोंए शोध के प्रति समर्पण और वैज्ञानिक योगदान को दर्शाती हैं। डा. रेखा के पिता चतर सिंह महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय रोहतक से सेवानिवृत्त डिप्टी रजिस्ट्रार हैं। उनके दादाजी चौधरी रिसाल सिंह से उन्हें हमेशा प्रेरणा मिलती रही है। परिवार से मिले संस्कार, दादाजी की प्रेरणा और शिक्षा के प्रति समर्पण ने उनके शैक्षणिक एवं शोध जीवन को दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनके भाई प्रो. अनुराग खटकड़ महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय रोहतक के फार्मास्युटिकल साइंसेज विभाग में प्रोफेसर हैं और फार्मास्युटिकल शिक्षा एवं अनुसंधान के क्षेत्र में योगदान दे रहे हैं। अपनी उपलब्धि पर डा. रेखा ने इसका श्रेय अपने पूरे गांंंव, परिवार और अपने संस्थान को दिया है। उन्होंने कहा कि गांव से मिले प्रोत्साहन, परिवार के सहयोग और विश्वविद्यालय में मिले अनुकूल शैक्षणिक वातावरण ने उनकी शोध यात्रा को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। गांव बधाना की बेटी की यह सफ लता जींद जिले और हरियाणा के युवाओं एवं विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत है। उनकी उपलब्धियांं दर्शाती हैं कि निरंतर मेहनत, लगन और वैज्ञानिक दृष्टिकोण के बल पर वैश्विक स्तर पर पहचान बनाई जा सकती है।

Friday, October 9, 2026

October 09, 2026

भिवानी के अतुल का HCS में 13वां रैंक, पहले प्रयास में सालभर तैयारी के बाद पाई सफलता

भिवानी के अतुल का HCS में 13वां रैंक, पहले प्रयास में सालभर तैयारी के बाद पाई सफलता
Bhiwani : भिवानी के गांव बामला हाल बैंक कॉलोनी निवासी अतुल कुमार ने हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC) एग्जाम-2025 की परीक्षा पास की है। साथ ही प्रदेश में ओवरआल 13वां रैंक भी हासिल किया है। अतुल कुमार ने बताया कि उसने पहले ही प्रयास में करीब सालभर की तैयारी के बाद यह सफलता हासिल की है। हालांकि उन्होंने 2015 में जब आईएएस टीना डाबी ने यूपीएससी में पहली रैंक हासिल की थी, तो उनको देखकर मन में ठान लिया था कि उन्हें भी यूपीएससी या एचपीएससी की परीक्षा पास करनी है। इसके लिए उन्होंने अन्य परीक्षाएं नहीं दी। उन्होंने केवल एचपीएससी व यूपीएससी की परीक्षा ही दी है। 
अतुल कुमार ने बताया कि करीब 22 साल की उम्र में यह सफलता हासिल की। जब रात को उन्होंने अपना रिजल्ट देखा और पता चला कि 13वां रैंक मिला है तो वे बहुत खुश हुए। इसके बाद उन्होंने अपने पिता व अन्य परिवार वालों को बताया तो सभी खुश हुए। इसकी खुशी अभी भी चेहरे पर है, क्योंकि पहले ही प्रयास में उन्होंने उन्होंने परीक्षा पास कर ली है। हालांकि उन्होंने यूपीएससी की परीक्षा भी दी हुई है। उम्मीद है कि उसमें भी अच्छा प्रदर्शन करेंगे। साथ ही अतुल कुमार ने बताया कि वे हर रोज करीब 8-10 घंटे की पढ़ाई करते थे। 

10वीं-12वीं में 99% अंक हासिल किए
अतुल कुमार के पिता जितेंद्र कुमार बतौर जेबीटी टीचर गांव हालुवास में तैनात हैं और उनकी मां सुमन देवी गृहणी हैं। वहीं बड़े भाई विनय कुमार बैंक में नौकरी करते हैं। अतुल कुमार ने कहा कि इस परीक्षा की तैयारी के लिए पूरे परिवार ने सहयोग दिया। उन्होंने 10वीं व 12वीं कक्षा में 99 प्रतिशत अंक हासिल किए थे और बीए ऑनर्स पोल्टिकल साइंस 2025 में डीयू के हिंदू कॉलेज से 8.3 सीजीपी के साथ पास की थी। वहीं मई 2025 में पास होने के बाद उन्होंने एचसीएस की तैयारी शुरू कर दी। तब से लगातार नियमित पढ़ाई की। रिविजन पर ध्यान दिया और जो पढ़ा उस पर फोकस किया। एक रणनीति के साथ तैयारी की। सालभर की तैयारी करके पहले प्रयास में परीक्षा पास करना भी अपने आप में बहु़त अच्छा अनुभव है। 
*परिवार में खुशी*

अतुल के ताऊ शिक्षा विभाग के लिपिक नरेंद्र सिंह जांगड़ा ने कहा कि उसके पिता मास्टर रघुवीर सिंह ने भी 1964 में जब हरियाणा भी पंजाब का हिस्सा होता था तो 10वीं कक्षा में टॉप किया था। साथ ही नरेंद्र ने बताया कि उन्होंने लैंप की रोशनी में भी पढ़ाई की थी, लेकिन उस समय जब उनके दादा लैंप लेकर आए तो दूर-दूर तक चर्चा का विषय बन गया था। अतुल की इस उपलब्धि पर पूरे परिवार में खुशी का माहौल है। साथ ही उन्होंने दावा किया कि अतुल यूपीएससी की परीक्षा भी पास करेगा।
October 09, 2026

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हर हाल में देना होगा इस्तीफा: गीता भुक्कल

वोट चोरी के आरोपों पर इंडिया महागठबंधन का हल्लाबोल प्रदर्शन सड़कों पर उतरा विपक्ष

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हर हाल में देना होगा इस्तीफा: गीता भुक्कल
जींद : भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के विरोध और वोट बचाओ, देश बचाओ अभियान के तहत वीरवार को इंडिया महागठबंधन के घटक दलों ने जींद में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की संयुक्त अध्यक्षता प्रकाश चंद्र, कांग्रेस जिला प्रधान रिषिपाल हैबतपुर और प्रेमचंद ने की। कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ  नारेबाजी करते हुए मतदाता सूचियों में कथित गड़बडिय़ों और वोटों की सुरक्षा का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। इस मौके पर पूर्व विधायक सुभाष गांगोली, सतपाल सत्तू, दिनेश डाहौला, सारंग शमशेर ढाठरथ, विजेंद्र ढाठरथ, इशाक भट्टी, जेपी रूहिल, पवन दूहन, पूर्व मंत्री रामभज लोधर, पूर्व सांसद सुरेंद्र बरवाला, पूर्व विधायक सुभाष देसवाल, महावीर गुप्ता्र बलराम कटवाल, रमेश सैनी, जगबीर सिंह डिगाना, राजू लखीना सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
प्रदर्शन में पूर्व मंत्री एवं झज्जर से कांग्रेस विधायक गीता भुक्कल ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभिन्न हथकंडों के जरिए वोटों की चोरी की गई तथा कई प्रदेशों में सरकारें भी चोरी की गईं। उन्होंने कहा कि विपक्ष जब मुख्य चुनाव आयुक्त से मिलने का प्रयास करता है तो नेताओं और सांसदों को गिरफ्तार किया जाता है। दिल्ली में चल रहे आंदोलन का जिक्र करते हुए भुक्कल ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी सहित बड़ी संख्या में सांसदों की गिरफ्तारी से सरकार की घबराहट सामने आ गई है। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष लोकतंत्र और मतदाता के अधिकारों की रक्षा के लिए है। ज्ञानेश कुमार को हर हाल में इस्तीफा देना होगा और उनके खिलाफ  संवैधानिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जानी चाहिए। मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया गया। प्रदर्शनकारी रानी तालाब स्थित बाबा साहेब डा. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के पास एकत्र हुए और वहां से जुलूस के रूप में लघु सचिवालय परिसर में पहुंचे। यहां मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और प्रधानमंत्री के पुतलों का दहन कर रोष जताया गया। इस दौरान नेताओं ने एसआईआर को लेकर भी विरोध दर्ज कराया और मतदाता सूचियों में पारदर्शिता की मांग उठाई। प्रदर्शन को कपूर सिंह, रमेश चंद्र  प्रेमचंद, मास्टर बलबीर सिंह राज्य अध्यक्ष किसान सभा एवं संयुक्त किसान मोर्चा के नेता, रिटायर्ड कर्मचारी यूनियन के नेता ईश्वर ठाकुर, अक्षय राज्य अध्यक्ष एसएफआई तथा नरेश राज्य सचिव नौजवान सभा सहित अन्य नेताओं ने संबोधित किया। कार्यक्रम के समापन पर प्रदर्शनकारी लघु सचिवालय परिसर स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा के पास पहुंचे। यहां महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया और राष्ट्रगान के बाद कार्यक्रम संपन्न हुआ।

Thursday, October 8, 2026

October 08, 2026

गैंगस्टर और गन कल्चर के महिमामंडन पर हरियाणा पुलिस का बड़ा अभियान

* *गैंगस्टर और गन कल्चर के महिमामंडन पर हरियाणा पुलिस का बड़ा अभियान*

* *67 आपत्तिजनक गीत ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से हटवाए, करीब 200 युवाओं की काउंसलिंग; 12 कट्टरपंथी सोशल मीडिया अकाउंट भी हटवाए गए*
*चंडीगढ़ : हरियाणा पुलिस ने गैंगस्टरों, गैंग संस्कृति, हथियारों और हिंसा के महिमामंडन के खिलाफ व्यापक और समन्वित अभियान तेज करते हुए डिजिटल प्लेटफॉर्म, संगीत जगत, मीडिया संस्थानों और युवाओं तक अपनी पहुंच बढ़ाई है। अभियान का उद्देश्य आपराधिक जीवनशैली को ‘ग्लैमर’ के रूप में प्रस्तुत करने की प्रवृत्ति पर प्रभावी अंकुश लगाना तथा विशेष रूप से युवाओं को गैंग कल्चर और गन कल्चर के नकारात्मक प्रभाव से बचाना है।

* *एसटीएफ ने शुरू की केंद्रित पहल, संगीत जगत को किया जागरूक*
हरियाणा पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) द्वारा इस दिशा में एक केंद्रित पहल के तहत हरियाणवी संगीत जगत के प्रमुख गायकों, गीतकारों एवं निर्माताओं के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में कलाकारों को गीतों एवं म्यूजिक वीडियो के माध्यम से गैंगस्टरों, हथियारों और हिंसा के महिमामंडन से होने वाले सामाजिक दुष्प्रभावों तथा युवाओं पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों के बारे में जागरूक किया गया।
* *एसटीएफ में गठित समर्पित समिति कर रही डिजिटल कंटेंट की निगरानी*

गैंग, गैंगस्टरों, हथियारों एवं हिंसा का महिमामंडन करने वाले ऑनलाइन कंटेंट की पहचान और समीक्षा के लिए एसटीएफ (हरियाणा) में एक समर्पित समिति का गठन किया गया है। समिति द्वारा गीतों, म्यूजिक वीडियो तथा अन्य डिजिटल सामग्री की लगातार निगरानी एवं समीक्षा की जा रही है। आवश्यकतानुसार संबंधित ऑनलाइन प्लेटफॉर्म और मध्यस्थों को कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई के लिए नोटिस भी जारी किए जा रहे हैं।
* *67 गीत विभिन्न ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से हटवाए गए*

इस पहल के तहत सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 79(3)(b) तथा सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यस्थ दिशानिर्देश एवं डिजिटल मीडिया आचार संहिता) नियम, 2021 के नियम 3(1)(d) के तहत विभिन्न ऑनलाइन मध्यस्थों को नोटिस जारी किए गए। STF के निरंतर प्रयासों के परिणामस्वरूप गैंग, हथियारों एवं हिंसा का महिमामंडन करने वाले 67 गीत विभिन्न ऑनलाइन स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म से हटाए जा चुके हैं। इन प्रभावी कार्रवाइयों के बाद इस प्रकार के कंटेंट के निर्माण एवं प्रसार में भी उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है।

* *पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुपालन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम*
यह अभियान माननीय पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय द्वारा 22 जुलाई 2019 को CWP No. 6213 of 2016, Reet Mohinder Singh बनाम State of Haryana & Others मामले में दिए गए निर्देशों के अनुपालन की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है। न्यायालय ने पंजाब एवं हरियाणा राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के पुलिस महानिदेशकों को शराब, नशीले पदार्थों एवं हिंसा का महिमामंडन करने वाले गीतों को सार्वजनिक रूप से, जिसमें लाइव कार्यक्रम भी शामिल हैं, बजाए जाने से रोकने के निर्देश दिए थे।

* *करीब 200 युवाओं की काउंसलिंग, कट्टरपंथी प्रभाव पर भी प्रहार*

हरियाणा पुलिस ने केवल कंटेंट हटाने तक सीमित न रहते हुए इसके सामाजिक प्रभावों को कम करने के लिए युवाओं पर भी विशेष ध्यान दिया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से गैंगस्टर एवं गन कल्चर से प्रभावित करीब 200 युवाओं की पहचान कर STF द्वारा उनकी काउंसलिंग की गई और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास किया गया। इसी क्रम में आतंकवादी द्वारा युवाओं के कट्टरपंथीकरण एवं उन्हें प्रभावित करने के लिए संचालित/प्रयोग किए जा रहे 12 इंस्टाग्राम अकाउंट्स की पहचान कर उन्हें हटवाया गया। इसके अतिरिक्त गैंगस्टरों, गैंग संस्कृति, हथियारों एवं गन कल्चर का महिमामंडन करने वाले सोशल मीडिया कंटेंट अन्य राज्यों के साथ साझा किए गए, ताकि ऐसे कंटेंट और प्रोफाइल के खिलाफ समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।

* *मीडिया, कंटेंट क्रिएटर्स और आमजन के लिए विस्तृत एडवाइजरी*
गैंगस्टरों एवं अपराधियों के महिमामंडन को रोकने के लिए प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक एवं सोशल मीडिया के प्रतिनिधियों, कंटेंट क्रिएटर्स तथा आमजन को जागरूक करने के उद्देश्य से एक विस्तृत एडवाइजरी तैयार की गई है। अगस्त 2025 में हरियाणा विधानसभा द्वारा पारित प्रस्ताव के संदर्भ में तैयार इस एडवाइजरी में अपराध एवं आपराधिक तत्वों के प्रचार अथवा महिमामंडन से बचने की स्पष्ट अपील की गई है। स्वीकृत एडवाइजरी को सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग, चंडीगढ़ को भेजते हुए राज्य में कार्यरत सभी मीडिया संस्थानों तक इसे प्रसारित करने का अनुरोध किया जा रहा है। साथ ही, आमजन तक इसकी व्यापक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए आधिकारिक माध्यमों से इसका व्यापक प्रचार-प्रसार करने का भी अनुरोध किया गया है।

* *डीजीपी अजय सिंघल: अपराध का प्रचार नहीं, अपराध के खिलाफ संदेश जरूरी*
हरियाणा के पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने कहा कि पुलिस की प्राथमिकता केवल अपराधियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करना ही नहीं, बल्कि ऐसी मानसिकता और डिजिटल वातावरण पर भी प्रभावी अंकुश लगाना है जो अपराध को आकर्षक या प्रतिष्ठित रूप में प्रस्तुत करता है। उन्होंने कहा कि गैंगस्टर और गन कल्चर का महिमामंडन युवाओं को गलत दिशा में प्रभावित कर सकता है और समाज में हिंसा के सामान्यीकरण का कारण बन सकता है। उन्होंने मीडिया संस्थानों, कलाकारों, कंटेंट क्रिएटर्स, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और आमजन से जिम्मेदारीपूर्वक व्यवहार करने की अपील करते हुए कहा कि अपराधियों को प्रचार नहीं, अपराध के खिलाफ संदेश मिलना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि हरियाणा पुलिस युवाओं को अपराध और कट्टरपंथी प्रभाव से दूर रखने तथा उन्हें सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ाने के लिए हर संभव प्रयास जारी रखेगी।

Wednesday, October 7, 2026

October 07, 2026

शहीद सैनिक के परिवार के हौसले की कहानी है हरियाणवी फिल्म ‘जो लेख लिखे राम नै’

शहीद सैनिक के परिवार के हौसले की कहानी है हरियाणवी फिल्म ‘जो लेख लिखे राम नै’

रोहित कौशिक के लेखन-निर्देशन में बनी फिल्म में बॉलीवुड एक्टर राजेंद्र गुप्ता व एक्ट्रेस संगीता जांगड़ा मुख्य भूमिका में नजर आएंगे 
नई दिल्ली : सैनिक की शहादत और उसके बाद परिवार के अदम्य साहस, संघर्ष और भावनात्मक मजबूती को केंद्र में रखकर बनी हरियाणवी फिल्म ‘जो लेख लिखे राम नै’ जल्द दर्शकों के बीच होगी। 9th Root International Films Pvt. Ltd. द्वारा प्रस्तुत इस फिल्म के लेखक एवं निर्देशक रोहित कौशिक हैं। फिल्म में सुप्रसिद्ध अभिनेता राजेंद्र गुप्ता के साथ संगीता देवी भी मुख्य किरदार में दिखाई देंगे l
फिल्म एक ऐसे परिवार की भावनात्मक यात्रा को सामने लाती है, जो अपने सैनिक सदस्य को देश के लिए खोने के बाद भी उसके बलिदान को गर्व के साथ स्वीकार करता है। फिल्म के माध्यम से सैनिक की शहादत के साथ उसके परिवार के हौसले, त्याग और जज्बे को प्रमुखता से दर्शाया गया है।
फिल्म में संगीता जांगड़ा ने राजेंद्र गुप्ता की धर्मपत्नी की भूमिका निभाई है, जबकि साक्षी ओहल्यान भी महत्वपूर्ण भूमिका में हैं। इसके अलावा मुकेश यादव, आरज़ू, डैनी, अल्पना सुहासिनी, डिंपल और जितेंद्र प्रमुख कलाकारों में शामिल हैं। संगीता जांगड़ा की बहन के किरदार में अल्पना सुहासिनी और डिंपल नजर आएंगी।
फिल्म की तकनीकी टीम भी विशेष रूप से उल्लेखनीय है। विमल एस. मिश्रा ने सिनेमैटोग्राफी (DOP), डी. सिंह ने एडिटिंग और प्रदीप कोटनाला ने बैकग्राउंड म्यूजिक की जिम्मेदारी संभाली है। फिल्म की तकनीकी टीम मुंबई से जुड़ी है और चर्चित फिल्म ‘हनुमान अंश’ से जुड़े फिल्म निर्माण क्षेत्र के अनुभवी लोग भी इस प्रोजेक्ट का हिस्सा हैं। फिल्म के निर्माता शालभ कंबोज हैं।
‘जो लेख लिखे राम नै’ को पोस्टर पर “An Emotional Journey of a Nation” के रूप में प्रस्तुत किया गया है। फिल्म में महिला अभिनेत्रियों की कास्टिंग संगीता जंगड़ा द्वारा की गई है। फिल्म हरियाणवी परिवेश और संवेदनाओं के माध्यम से देशभक्ति, पारिवारिक रिश्तों, त्याग और सैनिक के परिवार के हौसले की कहानी कहती है। निर्देशक रोहित कौशिक के लेखन और निर्देशन में बनी यह फिल्म हरियाणवी सिनेमा को एक संवेदनशील और भावनात्मक विषय से जोड़ने का प्रयास है।

Tuesday, October 6, 2026

October 06, 2026

सौल एंड स्पिरिट आर्ट सोसाइटी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी का विस्तार

सौल एंड स्पिरिट आर्ट सोसाइटी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी का विस्तार

राधे श्याम चिल्लाना, हरविंदर राणा, राजेंद्र वर्मा ‘खुबडु’ और संजय कुमार को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में मिली जिम्मेदारी
जींद : सौल एंड स्पिरिट आर्ट सोसाइटी अखिल भारतीय स्तर पर ललित कलाओं के विकास, संवर्धन एवं संरक्षण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। संस्था का विशेष उद्देश्य आने वाली पीढ़ी के कलाकारों को सकारात्मक एवं रचनात्मक मंच उपलब्ध कराना तथा स्कूल स्तर से लेकर विश्वविद्यालय स्तर तक कला से जुड़े विद्यार्थियों एवं कलाकारों को आवश्यक सहयोग प्रदान करना है।

इसी उद्देश्य को आगे बढ़ाते हुए समिति के विस्तार को लेकर आयोजित बैठक में सर्वसम्मति से राधे श्याम चिल्लाना को संरक्षक, लोक गायक हरविंदर राणा, कुरुक्षेत्र, प्रसिद्ध व्यंग्य चित्रकार राजेंद्र वर्मा ‘खुबडु’, दिल्ली तथा वरिष्ठ चित्रकार संजय कुमार को राष्ट्रीय कार्यकारिणी का सदस्य नियुक्त किया गया।
समिति के पदाधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि नवनियुक्त सदस्यों का अनुभव एवं कला के क्षेत्र में उनका योगदान उभरते हुए कलाकारों को उचित मार्गदर्शन एवं अवसर प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
समिति के अध्यक्ष दीपक कौशिक ने कहा कि संस्था का उद्देश्य सदैव कला और कलाकारों के हित में कार्य करना रहा है। उन्होंने कहा कि चाहे स्कूलों में पढ़ने वाले कला प्रेमी विद्यार्थियों को कला सामग्री उपलब्ध करवाना हो अथवा महाविद्यालय एवं विश्वविद्यालय स्तर पर कला में प्रतिभावान विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति और कला सामग्री की व्यवस्था करना, संस्था इन क्षेत्रों में निरंतर प्रयासरत है।

उन्होंने कहा कि ललित कलाएं सदैव समाज को आनंद, संवेदना और प्रेरणा प्रदान करने का माध्यम रही हैं। इसलिए प्रतिभाशाली कलाकारों को उचित मंच, संसाधन और प्रोत्साहन उपलब्ध कराना समाज की सांस्कृतिक विरासत को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
इस अवसर पर प्रांत अध्यक्ष प्रदीप कुमार, राजू शर्मा, नरेंद्र कुमार, डॉ. मोहित बब्बर, डॉ. राहुल राठौर, कमल जांगड़ा, निखिल, नीलम कौशिक, नवीन मरीचि सहित अनेक कार्यकर्ता एवं कला प्रेमी उपस्थित रहे।
October 06, 2026

*एशियाई खेल 2026 में एलपीयू के खिलाड़ियों ने भारत के कुल स्वर्ण पदकों में 62% का योगदान दिया*

*एशियाई खेल 2026 में एलपीयू के खिलाड़ियों ने भारत के कुल स्वर्ण पदकों में 62% का योगदान दिया*

- एलपीयू की नीरू धांडा ने निशानेबाजी में दो स्वर्ण और एक रजत पदक जीतकर रचा इतिहास; ट्रैप शूटिंग में व्यक्तिगत एशियाई खेल स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं और समापन समारोह में भारत की ध्वजवाहक बनीं

- एलपीयू के 32 विद्यार्थियों ने जीते 28 पदक, जिनमें 13 स्वर्ण, 11 रजत और 4 कांस्य शामिल; एशियाई खेल 2026 में भारत के अभियान में एलपीयू का महत्वपूर्ण योगदान
*नई दिल्ली : जापान के आइची-नागोया में आयोजित 20वें एशियाई खेलों में भारतीय खेल अभियान में लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) के विद्यार्थियों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया। एलपीयू के 32 विद्यार्थियों ने नौ खेल विधाओं में कुल 28 पदक जीते, जिनमें 13 स्वर्ण, 11 रजत और 4 कांस्य पदक शामिल हैं। एलपीयू के खिलाड़ियों ने भारत के कुल स्वर्ण पदकों में 62 प्रतिशत, रजत पदकों में 41 प्रतिशत और कांस्य पदकों में 11 प्रतिशत का योगदान दिया, जिससे भारत के कुल पदक तालिका में लगभग एक-तिहाई योगदान एलपीयू के विद्यार्थियों का रहा। 
भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए 15 खेल विधाओं में कुल 58 एलपीयू विद्यार्थी देश के एशियाई खेल दल का हिस्सा रहे। इनके पदक जीतने वाले प्रदर्शन निशानेबाजी, तीरंदाजी, हॉकी, कुश्ती, एथलेटिक्स, रोइंग, मुक्केबाजी, क्रिकेट और भारोत्तोलन में देखने को मिले। यह प्रदर्शन सटीकता वाले खेलों और मुकाबला आधारित खेलों से लेकर टीम स्पर्धाओं और एथलेटिक्स तक एलपीयू के विद्यार्थियों की व्यापक खेल भागीदारी को दर्शाता है। 
इस अभियान को एलपीयू की छात्रा और भारतीय ट्रैप शूटर नीरू धांडा के शानदार प्रदर्शन से और मजबूती मिली। उन्होंने निशानेबाजी में दो स्वर्ण और एक रजत पदक जीता। उन्होंने इतिहास रचते हुए ट्रैप शूटिंग में व्यक्तिगत एशियाई खेल स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनने का गौरव हासिल किया। आइची-नागोया में उनका यह प्रदर्शन भारत के निशानेबाजी अभियान में एक महत्वपूर्ण अध्याय साबित हुआ। इसके बाद उन्हें एशियाई खेल 2026 के समापन समारोह में भारत की ध्वजवाहक नियुक्त किया गया, जिससे महाद्वीपीय खेल आयोजन के समापन पर भारत के प्रतिनिधित्व में एलपीयू की छात्रा को महत्वपूर्ण स्थान मिला। 
स्वर्ण पदक अभियान में विभिन्न खेलों के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। तनीपर्थी चिकिता और साहिल राजेश जाधव ने कंपाउंड तीरंदाजी में दो-दो स्वर्ण पदक जीते। अमन सहरावत ने पुरुषों की फ्रीस्टाइल 57 किलोग्राम कुश्ती में, सुजीत कलकल ने पुरुषों की फ्रीस्टाइल 65 किलोग्राम कुश्ती में और लवलीना बोरगोहेन ने महिलाओं की 75 किलोग्राम मुक्केबाजी स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता। किरण पहल भारत की स्वर्ण पदक विजेता महिला 4×400 मीटर रिले टीम का हिस्सा रहीं।

टीम स्पर्धाओं ने भी इस अभियान के कुछ सबसे महत्वपूर्ण क्षण दिए। एलपीयू के सात विद्यार्थी भारत की स्वर्ण पदक विजेता पुरुष हॉकी टीम का हिस्सा रहे, जबकि साक्षी राणा स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय महिला हॉकी टीम का हिस्सा रहीं। ईशान किशन भी भारत की स्वर्ण पदक विजेता क्रिकेट टीम का हिस्सा रहे। एलपीयू के विद्यार्थियों से जुड़ी इन तीन स्वर्ण पदक जीतों ने भारत को लॉस एंजिल्स 2028 ओलंपिक खेलों के लिए योग्यता हासिल करने में भी मदद की। कंपाउंड मिश्रित टीम तीरंदाजी में स्वर्ण पदक से दो कोटा स्थान हासिल हुए, जबकि पुरुष और महिला हॉकी में जीत ने भारत को सीधे ओलंपिक के लिए क्वालीफाई कराया। 

पदकों की यह उपलब्धि केवल स्वर्ण पदकों तक सीमित नहीं रही। बोम्मदेवरा धीरज, इलावेनिल वलारिवन और हिमांशु ढिल्लों ने दो-दो रजत पदक जीते, जबकि विदारसा के. विनोद और नीरज चौहान ने भी कई पदक हासिल किए। सैखोम मीराबाई चानू ने महिलाओं की 49 किलोग्राम भारोत्तोलन स्पर्धा में रजत पदक जीता, जबकि अंतिम पंघाल और नितेश सिवाच ने कुश्ती में रजत पदक अपने नाम किए। कांस्य पदक नीरज चौहान, पूजा सिंह, धर्मवीर चौधरी, सलमान खान और सतनाम सिंह के नाम रहे। 

एलपीयू के संस्थापक कुलाधिपति और राज्यसभा सांसद डॉ. अशोक कुमार मित्तल ने कहा, “यह उपलब्धि शिक्षा के व्यापक उद्देश्य को दर्शाती है, जिसका लक्ष्य ऐसे व्यक्तियों का निर्माण करना है जो अपनी प्रतिभा, अनुशासन और दृढ़ संकल्प के माध्यम से देश को गौरवान्वित कर सकें। एलपीयू में हम ऐसी व्यवस्था की कल्पना करते हैं, जहां युवाओं को न केवल अपनी आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए प्रोत्साहित किया जाए, बल्कि देश की प्रगति और वैश्विक मंच पर उसकी प्रतिष्ठा में सार्थक योगदान देने के लिए भी प्रेरित किया जाए। हमारे विद्यार्थियों को भारतीय ध्वज को गौरव के साथ आगे ले जाते देखना हमारे लिए अत्यंत गर्व का विषय है और इस सोच का सशक्त प्रतिबिंब है। उनकी यात्रा हमें ऐसे अवसर तैयार करने के लिए प्रेरित करती है, जहां उत्कृष्टता, महत्वाकांक्षा और राष्ट्र के प्रति योगदान साथ-साथ आगे बढ़ें।” 
एलपीयू के पदक विजेता प्रदर्शन नौ खेल विधाओं में रहे। निशानेबाजी ने 9 पदकों के साथ सबसे अधिक योगदान दिया, जिसके बाद तीरंदाजी में 6, कुश्ती में 4, एथलेटिक्स में 3, हॉकी में 2 पदक रहे, जबकि मुक्केबाजी, क्रिकेट, रोइंग और भारोत्तोलन में एक-एक पदक मिला। 
13 स्वर्ण, 11 रजत और 4 कांस्य पदकों के साथ एशियाई खेल 2026 एलपीयू के विद्यार्थियों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सबसे उल्लेखनीय खेल प्रदर्शनों में से एक रहा। एलपीयू में शिक्षा और उच्च स्तरीय खेलों का बढ़ता समन्वय युवा भारतीय खिलाड़ियों के लिए उच्चतम स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने के नए अवसर तैयार कर रहा है। ओलंपिक में प्रतिनिधित्व से लेकर एशियाई खेलों के पदक मंच तक, एलपीयू के खिलाड़ी लगातार प्रमुख अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों में भारतीय ध्वज को गौरवान्वित कर रहे हैं।

Saturday, October 3, 2026

October 03, 2026

अग्रसेन जयंती के उपलक्ष में शहर मे कई साल के बाद निकाली जाएगी भव्य शोभा यात्रा

अग्रसेन जयंती के उपलक्ष में शहर मे कई साल के बाद निकाली जाएगी भव्य शोभा यात्रा

हाथी +घोड़े और कई तरह के बैंड रहेंगे आकर्षण का केन्द्र, यात्रा के दौरान हाथी पर सवार

महाराजा अग्रसेन और 18 घोड़ों पर सवार उनके 18 बेटों के किरदार भी बढ़ाएंगे शोभा यात्रा की शोभा
जींद : इस बार अग्रसेन जयंती के उपलक्ष में जीन्द शहर में कई साल के बाद भव्य शोभा यात्रा निकाली जाएगी। इस यात्रा में हाथी घोडे और कई तरह के बैड आकर्षण का केन्द्र रहेंगे। यात्रा के दौरान हाथी पर सवार महाराजा अग्रसेन और 18 घोड़ो पर सवार उनके 18 बेटों के किरदार देखने योग्य होंगे। शोभा यात्रा को कामयाब बनाने को लेकर समस्त अग्रवाल समाज तैयारियों में जुटा है।
यह जानकारी बाल धर्मार्थ अस्पताल के प्रधान ईश्वर गोयल ने दी। वे आज अग्रवाल समाज के प्रधान राजकुमार गोयल के प्रतिष्ठान पर अग्रसेन जयंती को कामयाब बनाने को लेकर चर्चा कर रहे थे। इस अवसर पर उनके साथ एसडी स्कूल मैनेजमेंट कमेटी के उप प्रधान राजीव गोयल, अग्रवाल वेलफेयर सोसायटी के कार्यकारी सदस्य अनिल दीवान, एसडी स्कूल कमेटी के कार्यकारी सदस्य अमित दीवान इत्यादि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
यह शोभा यात्रा अग्रसेन जयंती की पूर्व संध्या पर 10 अक्टूबर को निकाली जाएगी। यात्रा रेलवे फाटक चक्कर रोड़ के पास स्थित गोपी राम धर्मशाला से शुरू होगी जो घण्टाघर चौक, पालिका बाजार, सिटी पुलिस स्टेशन, रानी तालाब, गोहाना रोड़ के रास्ते अर्बन स्टेट स्थित अग्रवाल धर्मशाला पर समाप्त होगी। इस यात्रा में हाथी पर सवार महाराजा अग्रसेन और 18 घोड़ो पर सवार उनके 18 बेटों के किरदार देखने योग्य होंगे। शोभा यात्रा में हाथी, घोड़े और कई तरह के बैड आकर्षण का केन्द्र रहेंगे। इसके साथ साथ धार्मिक व सामाजिक झांकियां भी शोभायात्रा की शोभा बढाएगी।

Friday, October 2, 2026

October 02, 2026

बेटे को केस से छुड़ाने के नाम पर एक लाख रुपये की ठगी करने का आरोपित गिरफ्तार

बेटे को केस से छुड़ाने के नाम पर एक लाख रुपये की ठगी करने का आरोपित गिरफ्तार

क्राइम ब्रांच द्वारा बेटे को पकड़े जाने पर किए थे पिता को फोन
जींद: साइबर थाना पुलिस ने बेटे को क्राइम ब्रांच द्वारा पकड़े जाने तथा उसे केस से छुड़ाने के नाम पर एक लाख रुपये की ऑनलाइन ठगी करने के मामले में एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपित के कब्जे से पांच हजार रुपये भी बरामद किए हैं। पुलिस आरोपित से पूछताछ कर रही है। 
साइबर थाना प्रभारी उपनिरीक्षक जगदीप सिंह ने बताया कि गांव रूपगढ़ निवासी सुरेंद्र ने बताया कि उसके मोबाइल फोन पर एक व्हाट्सअप कॉल आई और कॉल करने वाले व्यक्ति ने उसे बताया कि उसके बेटे के किसी दोस्त ने उसके बेटे का मोबाइल फोन इस्तेमाल किया है और क्राइम ब्रांच ने उसके बेटे को भी पकड़ लिया है। आरोपित ने उसके बेटे को केस से छुड़ाने के नाम पर एक लाख रुपये की मांग की। आरोपितों ने उसको दो अलग-अलग मोबाइल नंबरों पर 50-50 हजार रुपये ट्रांसफर करने के लिए कहा। घबराहट में आकर बताए गए दोनों नंबरों पर फोन पे के माध्यम से कुल एक लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद जब उसने अपने बेटे से बात करवाने के लिए कहा तो उन्होंने एक व्यक्ति से उसकी बात करवाई। आवाज सुन कर उसको संदेह हुआ कि वह उसके बेटे की आवाज नही है। इसके बाद उसने अपने बेटे के वास्तविक मोबाइल नंबर पर संपर्क किया तो पता चला कि उसका बेटा ड्यूटी पर है। सुरेंद्र की शिकायत के आधार पर थाना साइबर क्राइम ने अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया था। तकनीकी जांच व साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने गांव भीखाहेड़ी खुर्द, अलवर (राजस्थान) निवासी राहुल उर्फ  समीर तथा ओमप्रकाश को गिरफ्तार किया था। जिनकी पूछताछ में  आरोपित मेहरो की ढाणी पातरखेड़ा महुखेड़ा, जिला दौसा (राजस्थान) निवासी हरकेश का नाम सामने आया। पुलिस ने नियमानुसार हरकेश को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से पांच हजार रुपये बरामद किए हैं। पुलिस आरोपित से पूछताछ कर रही है। 
पुलिस प्रवक्ता राजेश कुमार ने कहा कि जींद पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति को फोन या वीडियो कॉल के माध्यम से पुलिस, क्राइम ब्रांच, सीबीआई अथवा किसी अन्य सरकारी एजेंसी का अधिकारी बनकर धमकाने या केस में फंसाने का डर दिखा कर पैसे मांगे जाएं तो घबराएं नहीं और किसी भी स्थिति में पैसे ट्रांसफर न करें। साइबर ठगी होने की स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करवाएं तथा संबंधित बैंक को भी तत्काल सूचना दें। जींद पुलिस आमजन को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ साइबर ठगी में संलिप्त आरोपियों के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई कर रही है।
October 02, 2026

कैप्टन योगेश बैरागी बोले : डिजिटल शिक्षा एवं कौशल विकास से युवाओं के लिए खुलेंगे रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर

कैप्टन योगेश बैरागी बोले : डिजिटल शिक्षा एवं कौशल विकास से युवाओं के लिए खुलेंगे रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर
जींद : आधुनिक तकनीक के प्रति युवाओं को जागरूक करने और उन्हें डिजिटल कौशल से सशक्त बनाने के उद्देश्य से जुलाना स्थित जेबीएम कॉलेज में आयोजित 15 दिवसीय निःशुल्क आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) प्रशिक्षण शिविर का प्रमाण-पत्र वितरण समारोह आयोजित किया गया। समारोह में 200 से अधिक प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम की पहल कैप्टन योगेश बैरागी द्वारा की गई उन्होंने महात्मा गांधी शिक्षा एवं समाज विकास संगठन, जींद और  कोरडीएओ वीआईपी रिसर्च जर्नल फॉर वेब 3.0 एंड डिसेंट्रलाइज्ड सिस्टम्स, नीदरलैंड्स के सहयोग से किया गया। कार्यक्रम में हरियाणा भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष  अशोक गुर्जर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि हरियाणा राज्य समाज कल्याण बोर्ड के चेयरमैन कैप्टन योगेश बैरागी ने समारोह की अध्यक्षता की। महात्मा गांधी शिक्षा एवं समाज विकास संगठन के अध्यक्ष राजकुमार भोला ने कार्यक्रम का संचालन किया। समारोह की शुरुआत महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। इसके पश्चात पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए पौधारोपण किया गया।  इस अवसर पर मुकेश शर्मा, गौरव भारद्वाज, डॉ. पुष्पा तायल, एआई ट्रेनर मनदीप गुप्ता, सुरेश लाठर, प्रियवत लाठर, असिस्टेंट प्रोफेसर सुजाता लाठर, ममता, पलक और राहुल जोगी सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति, शिक्षाविद् एवं प्रशिक्षणार्थी उपस्थित रहे।  समारोह के दौरान प्रशिक्षण पूरा करने वाले 200 से अधिक प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण को उपयोगी बताते हुए कहा कि इससे उन्हें आधुनिक एआई टूल्स और डिजिटल तकनीकों के व्यावहारिक उपयोग को समझने का अवसर मिला। कार्यक्रम में युवाओं को अपने अर्जित ज्ञान का उपयोग शिक्षा, रोजगार, उद्यमिता और सामाजिक विकास के क्षेत्र में करने के लिए प्रेरित किया गया।
मुख्य अतिथि अशोक गुर्जर ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान समय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल तकनीक और नवाचार का है। ऐसे दौर में युवाओं के लिए पारंपरिक शिक्षा के साथ आधुनिक तकनीकी कौशल प्राप्त करना भी आवश्यक है। एआई का उचित उपयोग शिक्षा, रोजगार, व्यवसाय और सामाजिक विकास के क्षेत्र में नई संभावनाएं पैदा कर सकता है।
उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निःशुल्क प्रशिक्षण शिविर युवाओं को नई तकनीकों से परिचित कराने और उनकी प्रतिभा को निखारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने प्रतिभागियों को बधाई देते हुए निरंतर सीखने, तकनीकी ज्ञान बढ़ाने तथा अपने कौशल का उपयोग समाज और राष्ट्र के विकास में करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कैप्टन योगेश बैरागी ने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक दौर में युवाओं को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना और उन्हें आधुनिक तकनीक से जोड़ना बेहद जरूरी है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कार्यक्षमता बढ़ाने, नए विचारों को विकसित करने और समस्याओं के समाधान के लिए व्यापक अवसर प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि युवाओं को एआई का सकारात्मक, रचनात्मक एवं जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग करना चाहिए। तकनीकी कौशल और व्यावहारिक ज्ञान के माध्यम से युवा रोजगार प्राप्त करने के साथ-साथ स्वरोजगार एवं उद्यमिता के क्षेत्र में भी आगे बढ़ सकते हैं। उन्होंने प्रशिक्षण शिविर को युवाओं के कौशल विकास की दिशा में एक सार्थक पहल बताते हुए सभी प्रतिभागियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
महात्मा गांधी शिक्षा एवं समाज विकास संगठन के अध्यक्ष राजकुमार भोला ने प्रशिक्षण शिविर के उद्देश्यों एवं उपलब्धियों की जानकारी देते हुए बताया कि इस 15 दिवसीय निःशुल्क कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और उभरती डिजिटल तकनीकों का व्यावहारिक ज्ञान प्रदान करना था।उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को ChatGPT, NotebookLM, डिजिटल कंटेंट निर्माण, एआई के नैतिक उपयोग, Web 3.0 एवं एआई एजेंट्स जैसे महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी दी गई। इस प्रशिक्षण के माध्यम से प्रतिभागियों को आधुनिक तकनीकी उपकरणों के उपयोग और डिजिटल कार्यक्षमता बढ़ाने के व्यावहारिक तरीकों से परिचित कराया गया।
समारोह के दौरान प्रशिक्षण पूरा करने वाले 200 से अधिक प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण को उपयोगी बताते हुए कहा कि इससे उन्हें आधुनिक एआई टूल्स और डिजिटल तकनीकों के व्यावहारिक उपयोग को समझने का अवसर मिला। कार्यक्रम में युवाओं को अपने अर्जित ज्ञान का उपयोग शिक्षा, रोजगार, उद्यमिता और सामाजिक विकास के क्षेत्र में करने के लिए प्रेरित किया गया।